रविवार, 28 नवंबर 2010

मैं तिलयार झील खासकर निर्मला कपिला जी से मिलने गयी थी !!

17 दिनों बाद आज अपने ब्‍लॉग को अपडेट करने का मौका मिला है , इतने दिनों में विषय की कमी नहीं , कहां से शुरू करूं और कहां समाप्‍त। मौसम की भविष्‍यवाणी करूं या राजनीति की , लग्‍न राशिफल लिखूं या शेयर बाजार का आकलन करूं , हमारे पाठकों को सबका इंतजार रहता है। इसके अलावे 21 नवंबर को हुए तिलयार झील के ब्‍लॉगर मिलन के सुखद पलों को भी आप सबों से बांटने की इच्‍छा है। दिल्‍ली से बोकारो लौटने के बाद भी एक विवाह के सिलसिले में तीन चार दिनों तक व्‍यस्‍तता बनी ही रही। इस समय कुछ लेखन तो न हो सका , पर दो दिनों में मैने पोस्‍टों को पढा और ब्‍लॉग4वार्ता लगायी , कल रात लग्‍न राशिफल और शेयर बाजार के बारे में आकलन भी किया।

मौसम के बारे में तो कुछ दिन पूर्व ही जानकारी दे चुकी हूं कि ग्रहीय स्थिति के प्रतिकूल होने से दिसंबर के पहले सप्‍ताह में ही ठंढ के बढने की संभावना है। खासकर 6 और 7 दिसंबर का ग्रहीय योग यत्र तत्र बादल , बारिश , कुहासा , आंधी , तूफान और बर्फबारी का माहौल बनाएगा , जिसके कारण आम जन जीवन अस्‍त व्‍यस्‍त रहेगा। 6 और 7 दिसंबर का यह योग राजनीति में भी माहौल को गरम रख सकता है , शेयर बाजार में भी उल्‍लेखनीय परिवर्तन ला सकता है। इस समय के आसपास बहुत सारे कार्यों में लोगों की व्‍यस्‍तता बनी रहेगी , बहुत परिणाम भी निकलकर सामने आएंगे।

तिलियार झील की ब्लॉगर बैठक के बारे में आप सबों को तो बहुत जानकारी मिल गयी होगी , पर आपसे अपने अनुभव साझा करने की इच्‍छा है, थोडी निश्चिंति से ही लिख पाऊंगी। हो सकता है , इसे 'गत्‍यात्‍मक चिंतन' नामक अपने ब्‍लॉग में प्रकाशित करूं। अभी तो काम बहुत सारे हैं और समय कम , इसलिए क्षमा चाहूंगी। बस इतना कह सकती हूं कि जिनको आप पढते आए हैं , उन सबसे मिलना बहुत ही सुखद अहसास देता है। वास्‍तव में , मैं इस बार खासकर निर्मला कपिला जी से मिलने गयी थी और मुझे सबसे अधिक खुशी उनसे मिलकर हुई। राज भाटिया जी ने हमें मिलवाया , इसके लिए उनको शुक्रिया कहना चाहूंगी । इस चित्र में आप भी देखिए .....